VayuMandal Lesson Plan for Geography In Hindi | वायुमंडल पाठ योजना

VayuMandal Lesson Plan for Geography In Hindi | वायुमंडल पाठ योजना

यह सामाजिक अध्ययन एवं सामाजिक विज्ञान का भूगोल का लेसन प्लान (पाठ योजना) वायुमंडल विषय पर है, जो कि कक्षा चौथी 4 5 6 7 8 में पढ़ा रहे हैं शिक्षकों एवं B.Ed, D.Ed और बीटीसी कर रहे अभ्यार्थियो के लिए है|

लेसन प्लान का संक्षिप्त विवरण :

  • Class : 5th 6th 7th 8th 9th and 10th
  • Subject : Social Studies - Geography
  • Topic : Vayumandal(वायुमंडल)
  • Type :Simulated and Mega Teaching Lesson Plan


Note: निचे दी गयी सामाजिक विज्ञान पाठ योजना केवल एक उदाहरण मात्र है| जिससे आपको Lesson Plan बनाने का Idea मिलता है| आप खुद की कल्पना शक्ति और प्रतिभा से इसे और बेहतर बना सकते है| और साथ ही साथ कक्षा, नाम, कोर्स, दिनांक, अवधि इत्यादि में बदलाव करके इसे आप अपनी सुविधा के अनुसार इस्तेमाल कर सकते है|

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VayuMandal Lesson Plan for Geography In Hindi For B.Ed 1st Year, 2nd Year and DELED Students of Social Science - वायुमंडल पाठ योजना

Date : Duration Of The Peroid :
Pupils Teacher Name : Pupil Teacher Roll Number :
Class : Average Age Of the Pupils :
Subject : Topic :

विषय वस्तु विश्लेषण:

  1. वायुमंडल का संगठन
  2. वायुमंडल की संरचना
  3. वायुदाब

सामान्य उद्देश्य:

  • विद्यार्थियों में सामाजिक अध्ययन के प्रति तर्क व चिंतन उत्पन्न करना|
  • विद्यार्थियों के विकास में वृद्धि करना|
  • विद्यार्थियों में सामाजिक कुशलता का विकास करना|
  • विद्यार्थियों में वायुमंडल को जानने की जिज्ञासा पैदा करना|

अनुदेशनात्मक उद्देश्य:

  1. विद्यार्थी वायुमंडल के बारे में जान सकेंगे|
  2. विद्यार्थी वायुमंडल के संगठन को परिभाषित कर सकेंगे|
  3. विद्यार्थी वायुमंडल की विभिन्न परतों को वर्गीकृत कर सकेंगे|
  4. विद्यार्थी वायुमंडल की संरचना के बारे में वर्णन कर सकेंगे|
  5. विद्यार्थी वायुमंडल की परतों को चार्ट द्वारा दिखा सकेंगे|
  6. विद्यार्थी वायुमंडल को परिभाषित कर सकेंगे|

सामान्य सहायक शिक्षण सामग्री: चौक, डस्टर, चौक-बोर्ड, संकेतक आदि|

अनुदेशनात्मक सामग्री:वायुमंडल को दर्शाता चार्ट

पूर्व ज्ञान परिकल्पना: छात्र अध्यापिका विद्यार्थियों के ज्ञान का यह अनुमान लगाकर चलती है, कि विद्यार्थियों को वायुमंडल के बारे में सामान्य जानकारी होगी|

पूर्व ज्ञान परीक्षण:छात्र अध्यापिका विद्यार्थियों के पूर्व ज्ञान हेतु निम्नलिखित प्रश्न पूछेंगी|

छात्र अध्यापिका क्रियाएं: छात्र क्रियाएं:
हमें सांस लेने के लिए क्या चाहिए? वायु
हमारे आसपास के आवरण की चादर को क्या कहा जाता है? वायुमंडल
वायुमंडल की संरचना तथा संगठन किस प्रकार का है? समस्यात्मक प्रश्न

उपविषय की घोषणा:छात्रों के अंतिम प्रश्न का संतोषजनक उत्तर ना मिलने पर छात्र अध्यापिका उप विषय की घोषणा करेंगी, कि अच्छा बच्चों आज हम वायुमंडल के बारे में पढ़ेंगे|

प्रस्तुतीकरण:छात्र अध्यापिका व्याख्यान विधि व चार्ट के माध्यम से कक्षा में अपना पाठ प्रस्तुत करेंगी|

शिक्षण बिंदु: छात्र अध्यापिका क्रियाएं: छात्र क्रियाएं: चॉक बोर्ड कार्य:
वायुमंडल का संघटन छात्र अध्यापक कथन:बच्चों आपको पता है कि जिस वायु का उपयोग हम सांस लेने में करते हैं, वास्तव में वह अनेक गैसों का मिश्रण है नाइट्रोजन, ऑक्सीजन जैसी गैसे हैं, जिनसे वायुमंडल का एक बड़ा भाग बना है| कार्बन डाइऑक्साइड, हीलियम, ऑर्गन, हाइड्रोजन कम मात्रा में पाई जाती है, इसके अलावा वायुमंडल में धूल कण व जल वाष्प भी होता है| नाइट्रोजन वायु में सर्वाधिक पाई जाने वाली गैसे हैं| मनुष्य तथा अन्य जीव सांस लेने के लिए वायुमंडल से ऑक्सीजन प्राप्त करते हैं, हरे पादप प्रकाश संश्लेषण द्वारा ऑक्सीजन उत्पन्न करते हैं, हमारे पौधे अपने भोजन के रूप में कार्बन डाइऑक्साइड का प्रयोग करते हैं| मनुष्य तथा पशु कार्बन डाइऑक्साइड को श्वास द्वारा बाहर निकालते हैं और O2 को लेते हैं, जिससे वायुमंडल का संतुलन बना रहता है|

प्रश्न – वायुमंडल में कौन-कौन सी परते हैं?

बच्चे ध्यान पूर्वक सुनेगे|

विद्यार्थी कॉपी में लिखेंगे

पांच परते है|

1. क्षोभमंडल

2. समताप मंडल मध्यमंडल

3. बाह्य मंडल ( आयन मंडल )

4. बहिर्मंडल

वायुमंडल की संरचना छात्राध्यापक कथन: हमारा वायुमंडल पांच परतो में विभाजित है, जो पृथ्वी की सतह से आरंभ होती है, यह परते हैं – क्षोभमंडल, समताप मंडल, मध्यमंडल, बाह्य मंडल ( आयन मंडल ) बहिर्मंडल|

मौसम की लगभग सभी घटनाएं वर्षा, कोहरे आदि क्षोभमंडल में ही होती हैं| समताप मंडल बादलों का मौसम संबंधी सभी घटनाओं से मुक्त होता है, इसमें ही ओजोन परत पाई जाती है| रेडियो संचार के लिए आयन मंडल का प्रयोग होता है बहिर्मंडल में वायु की पतली परत होती है|

विद्यार्थी कॉपी में लिखेंगे
वायुदाब बच्चों पृथ्वी की सतह पर वायु द्वारा डाले गए भार को वायुदाब कहा जाता है |वायु हमेशा उच्च दाब क्षेत्र से निम्न दाब की ओर चलती है | जैसे भूमध्य से ध्रुव की ओर| उच्च वायुदाब से निम्न वायुदाब की ओर वालों की गति को पवन कहा जाता है यह पवन तीन प्रकार की होती हैं:

1. स्थाई पवने

2. मौसमी पवने

3. स्थानीय पवने

विद्यार्थी कॉपी में लिखेंगे| वायु हमेशा उच्च दाब क्षेत्र से निम्न दाब की ओर चलती है|

सामान्यीकरण:छात्र अध्यापिका सामान्यीकरण करती है, कि विद्यार्थियों को वायुमंडल की संरचना संगठन के बारे में समझ आ गया होगा|

पुनरावृति:

  • वायुमंडल के बारे में बताओ?
  • वायुमंडल में कितनी परते हैं?
  • पवने दाब से किस तरह चलती हैं?
  • पवनों के कितने प्रकार हैं ?
  • वायुदाब क्या है?

गृहकार्य:

  1. वायुमंडल के संगठन के बारे में बताइए ?
  2. वायुमंडल की संरचना का विस्तार से वर्णन करो ?
  3. हमारे वायुमंडल की प्रमुख गैसों के नाम बताइए ?


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